भारत का UPI, साउथ अमेरिका और अफ्रीका में जल्द आएगा

Posted on: 25 September 2024 Share

आज देश में हर दूसरा आदमी UPI का इस्तेमाल कर रहा है. UPI का डंका देश ही नहीं विदेशों में भी बज रहा है. कई देश भारत के डिजिटल पेमेंट सिस्टम UPI का इस्तेमाल कर रहे हैं. जल्द ही अफ्रीका और साउथ अमेरिका में भी इसकी शुरुआत हो सकती है. दरअसल, NPCI ने विदेशी कंपनी एनआईपील ने पेरू और नामीबिया के सेंट्रल बैंकों के साथ UPI जैसा सिस्टम डेवलप करने का समझौता भी कर लिया है.

कब तक शुरू होगा इन देशों में UPI एनआईपील के सीईओ रितेश शुक्ला ने बताया कि अफ्रीका और साउथ अमेरिका के कई देशों को भारत UPI के ब्लूप्रिंट देने को तैयार हैं. साथ ही पेरू और नामीबिया में UPI की लॉन्चिंग 2027 में हो सकती है. NPCI देश में रिटेल पेमेंट सिस्टम की रेगुलेटर संस्था है. यह देश में UPI चलाती है. अगस्त में 15 अरब UPI ट्रांजेक्शन हुए हैं.

UPI को विदेशों में पहुंचाने के लिए बनी थी NIPL भारत के UPI को विदेशों में पहुंचाने के लिए NPCI ने एनआईपील का गठन किया था. एक रिपोर्ट के अनुसार, एनआईपील की इस समय अफ्रीका और साउथ अमेरिका के 20 देशों के साथ UPI को लेकर वार्ता चल रही है. पेरू और नामीबिया के सेंट्रल बैंकों के साथ हमारी डील इसी साल की शुरुआत में हो चुकी है. ये बैंक 2026 के अंत तक या 2027 की शुरुआत तक अपना UPI जैसा सिस्टम लॉन्च कर सकते हैं.

अगले साल तक बढ़ेंगे इनके कर्मचारी सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि रवांडा के साथ भी UPI को लेकर गंभीर वार्ता हुई है. हालांकि, रितेश शुक्ला और बैंक ऑफ रवांडा ने इस बारे में कुछ भी स्पष्ट बताने से इंकार कर दिया. रितेश शुक्ला के अनुसार, एनआईपील अन्य देशों के रियल टाइम पेमेंट सिस्टम के साथ गठजोड़ भी कर रही है. इनमें सिंगापुर का पेनाऊ शामिल है. हम इस तरह के 7 गठजोड़ कर चुके हैं. एनआईपील के फिलहाल 60 सदस्य हैं. अब मार्च, 2025 तक इस टीम को बढ़ाया जाएगा. फिलहाल कंपनी के कुछ कर्मचारी सिंगापुर और मिडिल ईस्ट देशों में हैं.